इन 5 कारणों से आपकी सेहत के लिए घातक हो सकता है हर समय एयर कंडीशनर में रहना, एक्सपर्ट बता रहे हैं जोखिम

हर जगह एसी का प्रयोग होने से शरीर को कई प्रकार के नुकसान झेलने पड़ रहे हैं। इसके चलते न केवल लोग घरों में सीमित होकर रह गए हैं बल्कि लोगों के स्वास्थ्य पर भी इसका बुरा प्रभाव देखने को मिल रहा है।
Air condition ke side effects
कूलिंग के कारण कमरे में एलर्जन का प्रभाव बढ़ने लगता हैं। इससे सीने में जकड़न, खांसी और जुकाम का सामना करना पड़ता है । चित्र: अडोबी स्टॉक
ज्योति सोही Updated: 23 Oct 2023, 09:31 am IST
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बढ़ रही गर्मी के चलते एयर कंडीशनर हमारे जीवन की एक ज़रूरत बन चुका है। दिनभर एसी की कूलिंग में रहने से हमारे शरीर में गर्मी बर्दाश्त करने की क्षमता खत्म होने लगती है। चाहे ऑफिस हो, घर हो या फिर कार। हर जगह एसी का प्रयोग होने से शरीर को कई प्रकार के नुकसान झेलने पड़ रहे हैं। इसके चलते न केवल लोग घरों में सीमित होकर रह गए हैं बल्कि लोगों के स्वास्थ्य पर भी इसका बुरा प्रभाव देखने को मिल रहा है (AC effects on body)

इस बारे में बातचीत करते हुए डर्माटोलॉजिस्ट डॉ विदूषी जैन का कहना है कि पसीना हमारी बॉडी के लिए बेहद ज़रूरी है। बार बार पीसना आने से हमोरे शरीर में मौजूद विषाक्त पदार्थ डिटॉक्स होने लगती है। अगर वहीं आप दिनभर एसी की हवा लेते हैं, तो इससे शरीर में पसीना नहीं आता है। जो स्वैटिंग के नेचुरल प्रोसेस में बाधा उत्पन्न करता है। इससे स्किन पर भी कई प्रकार के प्रभाव दिखने लगने लगते हैं। स्किन न केवल अपनी नमी खो देती है बल्कि फाइन लांइस और एजिंग सांइस भी दिखने लगते हैं।

यहां हैं 24 घंटे एयर कंडीशनर में रहने से होने वाले स्वास्थ्य जोखिम

1. बदनदर्द की समस्या

ज्यादा देर तक एयर कंडीशनर में रहने से बदन में दर्द की समस्या उत्पन्न होने लगती है। ठण्डी हवा से हमारे शरीर में ऐंठन महसूस होने लगती है। इसके परिणामस्वरूप जोड़ों में दर्द व कमर में अकड़ान महसूस होने लगती है। द कंफर्ट अकेडमी की एक रिसर्च में पाया गया कि जोड़ों के दर्द से पीड़ित लोगों में एयरकंडीशनर में ज्यादा देर तक रहने से दर्द की समस्या बढ़ने लगती है। दरअसल, इन लोगों की बॉडी मौसम के बदलाव को उनकी जल्दी एडॉप्ट नहीं कर पाती है।

Joint pain kyu badhne lagta hai
जोड़ों के दर्द से पीड़ित लोगों में एयरकंडीशनर में ज्यादा देर तक रहने से दर्द की समस्या बढ़ने लगती है। चित्र: अडोबी स्टॉक

2. डिहाइड्रेशन

लंबे वक्त तक एसी में रहने से बार बार प्यास लगने की समस्या समाप्त हो जाती है। पानी की पर्याप्त मात्रा लेने से शरीर में निर्जलीकरण की स्थिति पैदा नहीं होती है। मगर देर तक एसी की ठण्डी हवा लेने से प्यास नहीं लगती है और शरीर में पानी की कमी होने लगती है। इसके लिए कई बार सिरदर्द और माइग्रेन की समस्या भी बढ़ने लगती हैं।

3. स्किन का रूखापन बढ़ाएं

एयर कंडीशनर हवा को डी.ह्यूमिडिफाई करने का काम करता हैं। इसका प्रभाव हमारी स्किन पर भी देखने को मिलता है। एसी की हवा देर तक लेने से त्वचा की नमी खोने लगती है और रूखापन बढ़ जाता है। अगर आप लंबे वक्त तक एसी में रहती हैं, तो स्किन को 2 से 3 बार माइश्चराइज़ करना बहुत ज़रूरी है।

4. आंखों में बढ़ने लगती है ड्राईनेस

देर तक एयर कंडीशनर में बैठकर स्क्रीन के सामने काम करने से आंखों पर उसका असर दिखने लगता है। इसके चलते आंखों की नमी खो जाती है और ड्राईनेस बढ़ने लगती है। वे लोग जिन्हें आंखों से जुड़ी समस्याएं हैं। उन्हें लंबे वक्त तक एसी में बैठने से परहेज करना चाहिए। अगर एसी में लेबे वक्त तक बैठे रहने के चलते आंखों में जलन, खुजली और पानी आने लगता है, तो डॉक्टर से तुरंत संपर्क करें।

Burning eyes ke kayi karan ho sakte hain
आंखों में जलन होने के लिए कई कारण जिम्मेदार हो सकते हैं। चित्र : शटरस्टॉक

5. सुस्ती की वजह

अगर आपको काम के दौरान ऑफिस में निद्रा का सामना करना पड़ रहा है, तो इसका एक कारण एसी भी हो सकता है। एसी के चलते शरीर में आलस्य बढ़ने लगता है। चलते ठण्डी हवा के चलते आपके शरीर को सुकून महसूस होने लगता है। इससे आप काम में फोक्स नहीं कर पाते हैं और नींद आने लगती है।

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लेखक के बारे में

लंबे समय तक प्रिंट और टीवी के लिए काम कर चुकी ज्योति सोही अब डिजिटल कंटेंट राइटिंग में सक्रिय हैं। ब्यूटी, फूड्स, वेलनेस और रिलेशनशिप उनके पसंदीदा ज़ोनर हैं। ...और पढ़ें

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