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जीवनशैली में शामिल करेंगी ये 15 कदम, तो आपका दिल बोल उठेगा, ‘शुक्रिया’

Updated on: 27 September 2020, 17:50pm IST
हार्ट हेल्‍थ को मेंटेन रखना इतना भी मुश्किल नहीं है, बस आपकी अपनी जीवनशैली में शामिल करने हैं ये 15 कदम। ताकि आपका दिल आपको धन्‍यवाद कहे।
Dr. S.S. Moudgil
हृदय स्‍वास्‍थ्‍य के लिए आपको अपनी जीवनशैली में जरूरी बदलाव करना होगा। चित्र: शटरस्‍टॉक

कभी आपने सोचा है कि आपका लाइफस्‍टाइल आपके दिल को कितना परेशान कर रहा है! हम बता रहे हैं वे आसान कदम, जिन्‍हें उठाकर आपका दिल भी आपका शुक्रियादा करने लगेगा।
हार्ट अटैक, कार्डियक अरेस्‍ट, हार्ट स्‍ट्रोक और अब ब्रोकन हार्ट सिंड्रोम, सुनकर डर लगता है न? पर घबराइए नहीं हृदय स्‍वास्‍थ्‍य को बनाए रखना इतना भी मुश्किल नहीं है। बस आपको अपनी जीवन शैली और आहार में ऐसे परिवर्तन करने हैं, जिनसे आपका हार्ट कहेगा थैंक यू।

हेल्‍दी हार्ट के लिए उठाएं ये 15 कदम 

1. आहार के आकार को नियंत्रित करें

आप कितना खाते हैं, यह उतना ही महत्वपूर्ण है जितना कि आप क्‍या खाते हैं। अपनी थाली को ओवरलोडिंग, पेट को भरा-भरा महसूस होने से बचाएं। अधिक कैलोरी खाने से हृदय रोग व अन्य रोगों यथा मधुमेह व उच्च रक्त चाप की आशंका बढ़ जाती है। रेस्तरां में परोसे जाने वाले खाने अक्सर जरूरत से ज्यादा होते हैं।

अपने पोर्शन को नियंत्रित करने में मदद करने के लिए एक छोटी सी थाली या कटोरे का उपयोग करें। कम कैलोरी, पोषक तत्वों से भरपूर खाद्य पदार्थों जैसे फलों और सब्जियों का हिस्‍सा ज्‍यादा रखें। उच्च कैलोरी, उच्च सोडियम खाद्य पदार्थों के छोटे हिस्से, जैसे परिष्कृत, प्रसंस्कृत या फास्ट फूड। यह रणनीति आपके आहार के साथ-साथ आपके दिल को स्वस्थ और कमर के आकार को कम कर सकती है।

2. सब्जियां और फल ज्‍यादा खाएं

सब्जियां और फल विटामिन और खनिजों के अच्छे स्रोत हैं। सब्जियां और फल कैलोरी में कम और आहार फाइबर में समृद्ध होते हैं। अन्य पौधों या पौधों पर आधारित खाद्य पदार्थों की तरह सब्जियों और फलों में ऐसे पदार्थ होते हैं, जो हृदय रोग को रोकने में मदद कर सकते हैं। अधिक फल और सब्जियां खाने से आपको उच्च कैलोरी वाले खाद्य पदार्थों जैसे मांस, पनीर और स्नैक खाद्य पदार्थों में कटौती करने में मदद मिल सकती है।

अपने आहार में फल और सब्जियों की मात्रा ज्‍यादा रखें। चित्र: शटरस्‍टॉक
अपने आहार में फल और सब्जियों की मात्रा ज्‍यादा रखें। चित्र: शटरस्‍टॉक

सब्जियों और सलाद को धोकर जल्दी स्नैक्स लेने के लिए अपने फ्रिज में काटकर रखें।
अपनी रसोई में या खाने की टेबल पर एक कटोरे में फल रखें। ताकि इसे खाना याद रहे और अंदर बाहर निकलते हुए भी खा सकें।

3. साबुत अनाज का चयन करें

साबुत अनाज फाइबर और अन्य पोषक तत्वों के अच्छे स्रोत हैं, जो रक्तचाप और हृदय स्वास्थ्य को विनियमित करने में भूमिका निभाते हैं। आप परिष्कृत अनाज उत्पादों को त्यागकर दिल के स्वास्थ्य हेतु साबुत अनाज की मात्रा बढ़ा सकते हैं। साथ ही बाजरा रागी जैसे विकल्प भी सप्ताह में दो बार चुन सकते हैं।

4. अस्वस्थ वसा को सीमित करें

जितना कम संतृप्त और ट्रांस वसा आप खाते हैं, रक्त कोलेस्ट्रॉल को कम करने और कोरोनरी धमनी रोग के जोखिम को कम करने में योगदान देते हैं। हाई ब्‍लड कोलेस्ट्रॉल लेवल आपकी धमनियों में थक्‍के पैदा कर सकते हैं, जिसे एथेरोस्क्लेरोसिस कहा जाता है, जो दिल का दौरा पड़ने और स्ट्रोक के जोखिम को बढ़ाते हैं।

स्‍वस्‍थ वसा के विकल्‍पों में जैतून का तेल,कैनोला तेल, वेजिटेरियन ऑयल और अखरोट के तेल, नट, सीड्स, एवोकाडो, कभी-कभी मक्खन, नॉनडेरी क्रीमर्स यथा सोया क्रीम, पीनट बटर आदि का सेवन कर सकती हैं। कोको मक्खन, .नारियल, खजूर, कपास और खजूर-गिरी तेल

5. कम वसा वाले प्रोटीन स्रोतों का चयन करें

पहली पसंद सेम, मटर और दाल – प्रोटीन के अच्छे स्रोत भी हैं और इनमें कम वसा और कोई कोलेस्ट्रॉल नहीं होता है, जिससे ये मांस के अच्छे विकल्प बन जाते हैं।

फैट को बिल्‍कुल छोड़ देना हेल्‍दी ऑप्‍शन नहीं है। चित्र: शटरस्‍टॉक

बेस्ट फिश हाई-फैट मीट का एक और अच्छा विकल्प है। कुछ प्रकार की मछली ओमेगा-3 फैटी एसिड से भरपूर होती है, जो ट्राइग्लिसराइड्स नामक रक्त वसा को कम कर सकती है। आपको ठंडे पानी की मछली में ओमेगा-3 फैटी एसिड की उच्चतम मात्रा मिलती है।

पशु प्रोटीन के लिए तीसरी पसंद- लीन मीट, पोल्ट्री और मछली, कम वसा वाले डेयरी उत्पाद और अंडे प्रोटीन के अपने सबसे अच्छे स्रोतों में से हैं। लेकिन कम वसा विकल्पों का चयन करने के लिए सावधान रहें, जैसे कि फ्राइड चिकन पैटीज के बजाय पूरे दूध और स्किनलेस चिकन स्तनों के बजाय स्किम दूध।

6. धूम्रपान त्यागना 

यह आपके हृदय स्‍वास्‍थ्‍य के साथ-साथ आपकी समग्र हेल्‍थ के लिए जरूरी है।

7. शराब का सेवन सीमित करें 

शराब या शराब के मध्यम उपभोग से संयम; प्रतिदिन अधिकतम 30 से 45 मिली व्हिस्की का सेवन किया जा सकता है। यह सीमा उन लोगों के लिए है जो पहले से ही शराब पीने वाले हैं। लेकिन अगर आप नहीं पीते हैं तो कृपया शुरू न करें।

शराब में सिर्फ कैलोरीज होती हैं, जो आपका वजन बढ़ाती हैं। चित्र: शटरस्‍टॉक
शराब में सिर्फ कैलोरीज होती हैं, जो आपका वजन बढ़ाती हैं। चित्र: शटरस्‍टॉक

8. व्यायाम 

प्राणायाम, मध्यम शारीरिक गतिविधि: 30 से 45 मिनट के लिए तेज चलना, सप्ताह में कम से कम पांच दिन या हर रोज 10,000 कदम चलना जरूरी है। गति हेतु एक साधारण नियम है कि मौन रहकर इतना तेज चलें कि चलते हुए सांस न चढ़े, लेकिन अगर उसी गति से चलते हुए बात करें तो संस चढ़ने लगे, यह हर व्यक्ति हेतु थंब रूल कहा जा सकता है।

9. बेहतर नींद 

छह से आठ घंटे कि नींद आवश्यक है। इससे आपका हृदय रिलैक्‍स होता है और लंबे समय तक स्‍वस्‍थ रहता है।

10. स्ट्रेस प्रबंधन

ध्यान मेडिटेशन, सोशलसर्विस, गेम क्लब आदि मेल-मिलाप, सैर-सपाटा परिजनों के साथ भोजन व वक्त देना आपकी हार्ट हेल्‍थ के लिए फायदेमंद है। अपनी पसंद की किताबें पढ़ना और सकारात्‍मक विचार रखना भी आपको ब्रोकन हार्ट सिंड्रोम से बचा सकते हैं।

11. उच्च रक्तचाप पर नियंत्रण 

आपका ब्‍लड प्रेशर दवा से या बिना दवा के 140/90 से नीचे ही होना चाहिए। हाई ब्‍लड प्रेशर हृदय स्‍वास्‍थ्‍य के लिए भी नुकसानदायक साबित हो सकता है।

हृदय स्‍वास्‍थ्‍य के लिए जरूरी है कि ब्‍लड प्रेशर को कंट्रोल रखें। चित्र: शटरस्‍टॉक
हृदय स्‍वास्‍थ्‍य के लिए जरूरी है कि ब्‍लड प्रेशर को कंट्रोल रखें। चित्र: शटरस्‍टॉक

12. मधुमेह को नियंत्रित रखें 

इसके लिए सबसे ज्‍यादा जरूरी है कि आप समय रहते अपने आहार और जीवनशैली में जरूरी परिवर्तन करें। ताकि आपको किसी भी वजह से मधुमेह या शुगर का शिकार न होना पड़े।

13. कोलेस्ट्रॉल के स्तर पर नियंत्रण 

जहां खराब कोलेस्ट्रॉल या कम घनत्व कोलेस्ट्रॉल कम होना चाहिए, वहीं गुड कोलेस्‍ट्रॉल भी मेंटेन रहना चाहिए। यह 100 मिलीग्राम प्रति डेसीलीटर तक ही सुरक्षित है।

14. मोटापा न आने दें

आदर्श शरीर के वजन को बनाए रखें, जिसका मतलब है कि बॉडी मास इंडेक्स या बीएमआई 30 से कम होना चाहिए।

दोस्‍तों से संवाद बनाए रखें। चित्र: शटरस्‍टॉक
दोस्‍तों से संवाद बनाए रखें। चित्र: शटरस्‍टॉक

15.  दोस्त बनाएं दोस्ती निभाएं 

किसी ने कहा है, दिल खोल लो यारों के साथ, वरना खुलवाओगे औजारों के साथ । यह बात बिल्‍कुल सही है। दोस्‍तों से संवाद बनाए रखना आपके हृदय स्‍वास्‍थ्‍य के लिए भी लाभदायक है।

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Dr. S.S. Moudgil Dr. S.S. Moudgil

Dr. S.S. Moudgil is senior physician M.B;B.S. FCGP. DTD. Former president Indian Medical Association Haryana State.