Organic Food: सेहत की लंबे समय तक रखवाली करता है ऑर्गेनिक फूड, जानें इसके फायदे

केमिकल, पेस्टिसाइड के सेहत पर खतरनाक नुकसान के देखते हुए ऑर्गेनिक फूड्स के सेवन को बढ़ावा दिया जा रहा है। जानिए इससे जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां।
कई जगहों पर डीडीटी को बैन कर दिया गया है। चित्र- शटर स्टाक।
कई जगहों पर डीडीटी को बैन कर दिया गया है। चित्र- शटर स्टाक।
विदुषी शुक्‍ला Updated: 10 Dec 2020, 12:57 pm IST
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फलों, सब्जियों और अनाजों के उत्‍पादन में केमिकल्स का उपयोग हमारे स्वास्थ्य के लिए बहुत नुकसानदेह है। हरित क्रांति के समय फर्टीलाइजर और पेस्टिसाइड का प्रयोग कृषि में किया गया, लेकिन वर्तमान स्थिति यह है कि पेस्टिसाइड और इंसेक्टिसाइड का चलन इतना बढ़ गया है कि अब ये हमारी सेहत के साथ-साथ जमीन की सेहत को भी नुकसान पहुंचा रहे हैं। जिससे कैंसर सहित कई खतरनाक बीमारियां बढ़ने लगीं।

इन बीमारियों से बचाव के लिए जरूरी है कि आप ऑर्गेनिक फूड्स का सेवन करें। यही वजह है कि सेहत का ध्‍यान रखने वाले ऑर्गेनिक फूड की सिफारिश करते हैं। कई सेलिब्रिटीज ने इसके लिए ऑर्गेनिक फाॅर्मिंग का समर्थन किया है। आइए जानते हैं इसके बारे में कुछ महत्‍वपूर्ण बातें-

आर्गेनिक फार्मिंग

आर्गेनिक फार्मिंग खेती का वह तरीका है जिसमें प्राकृतिक रूप से खेती होती है, इसमें कोई केमिकल का उपयोग नहीं किया जाता। इसमें प्राकृतिक खाद का प्रयोग होता है। मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने के लिए क्रॉप रोटेशन का प्रयोग किया जाता है।
इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ ऑर्गेनिक एग्रीकल्चर मूवमेंट के अनुसार “ऑर्गेनिक फार्मिंग मनुष्य के साथ साथ मिट्टी और पर्यावरण के स्वास्थ्य के लिए सुरक्षित और लाभदायक है।”

ऑर्गेनिक फ़ूड आपको हेल्दी रखेगा और आपकी जेब पर भी ज्यादा भारी नही पड़ेगा। चित्र- शटर स्टॉक।

ऑर्गेनिक फूड आपकी सेहत को देता है ये कुछ खास फायदे-

1. अत्यधिक पोषण देते हैं आर्गेनिक खाद्य पदार्थ

आर्गेनिक तरह से उगाए गए फलों, सब्जियों और अनाज में सबसे अधिक पोषक तत्व होते हैं। IFOAM के शोधकर्ताओं ने आर्गेनिक खेत से उगे फल और नॉर्मल खेती से उगाए गए फलों का टेस्ट किया। इस स्टडी में यह निष्कर्ष निकला कि ऑर्गेनिक रूप से उगाए गए फ़ूड में पोषण कई गुना अधिक होता है।

2. केमिकल रहित होता है आर्गेनिक फ़ूड

बीज बोने से लेकर फसल की कटाई तक ढेरों पेस्टिसाइड और केमिकल फसल पर डाले जाते हैं। कीड़ो के लिए जहरीले पदार्थ इंसानों के लिए भी खतरनाक होते हैं। ऐसे में हम जो भी फल-सब्जी खाते हैं, वह केमिकल से लैस होते हैं।
ऑर्गेनिक फार्मिंग में कोई केमिकल नहीं होता, इसलिए यह फल-सब्जी हमे सिर्फ़ पोषण देते हैं, किसी प्रकार का केमिकल नहीं। इससे हम उन बीमारियों से बच जाते हैं, जो केमि‍कल के दुष्‍प्रभाव से उत्‍पन्‍न होती हैं।

3. भविष्य के लिए मिट्टी की उर्वरक शक्ति को सुनिश्चित करता है

कोई भी पौधा उगने के लिए मिट्टी से पोषण लेता है। मिट्टी को अपनी उर्वरा शक्ति रिप्लेनिष करने में समय लगता है। जब उस मिट्टी में केमिकल फर्टीलाइजर डाल दिये जाते हैं, तो मिट्टी बंजर होने लगती है। अफ़सोस पिछले कुछ दशकों में हमने अपने खेतों की उपजाऊ मिट्टी को बंजर बना दिया है, और हर बार दोगुने केमिकल डाल कर हम खेती करते जा रहे हैं। ऐसे तो भविष्य में खेती करना असंभव हो जाएगा।

ऑर्गेनिक फार्मिंग में मिट्टी को और उपजाऊ बनाने के लिए गोबर की खाद और केचुओं की खाद का प्रयोग होता है। जिससे मिट्टी में पोषक तत्व बढ़ते हैं। भविष्य को बचाने के लिए आर्गेनिक अपनाना बहुत आवश्यक है।

ऑर्गेनिक चुनें, यह सिर्फ आपके लिए ही नहीं वातावरण के लिए भी फायदेमंद है। चित्र- शटर स्टॉक।

4. पर्यावरण संरक्षण

एनवायरनमेंट प्रोटेक्शन एजेंसी की रिपोर्ट के अनुसार केमिकल का खेती में प्रयोग केवल हम मनुष्यों के लिए खतरनाक नहीं है, बल्कि प्रकृति को भी बहुत हानि पहुंचाता है। केमिकल मिट्टी में रहने वाले जीव जंतुओं को नष्ट कर भूमि प्रदूषण फैलाते हैं और जब यह केमिकल पानी के साथ रिस कर जलाशयों तक पंहुचते हैं तो जल प्रदूषण भी फ़ैलाते हैं।
ऑर्गेनिक फार्मिंग सिर्फ हमारे लिए ही नहीं प्रकृति के लिए भी एक आवश्यकता है।

5. कैंसर से बचाती है ऑर्गेनिक फार्मिंग

JAMA नामक जर्नल में प्रकाशित एक रिसर्च के अनुसार आर्गेनिक फ़ूड खाने वाले लोगों में कैंसर होने का रिस्क 25% कम होता है। इस रिसर्च को पांच साल तक फॉलो अप लेकर किया गया जिसमें पाया गया कि आर्गेनिक खाना ब्रेस्ट कैंसर, प्रोस्टेट कैंसर, स्किन कैंसर और कॉलोनोरेक्टल कैंसर की चान्सेस को कम करता है।

स्वस्थ रहने के लिए ऑर्गेनिक फूड को अपनायें। इसके लिए आपको आर्गेनिक फार्मिंग को पूरी तरह अपना व्यवसाय नहीं बनाना है। आप अपने किचन गार्डन में ही कुछ सब्जियां उगा सकती हैं।

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पहला प्‍यार प्रकृति और दूसरा मिठास। संबंधों में मिठास हो तो वे और सुंदर होते हैं। डायबिटीज और तनाव दोनों पास नहीं आते। ...और पढ़ें

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