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National Dengue Day : मामूली बुखार समझकर डेंगू को नजरअंदाज करना हो सकता है घातक

Published on:14 May 2021, 15:00pm IST
हर साल 5 से 10 करोड़ लोग डेंगू से संक्रमित होते हैं। इनमें से कई की जान भी चली जाती है। इसलिए इसके प्रति जरा भी लापरवाही न बरतें।
अंबिका किमोठी
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हर साल 5 से 10 करोड़ लोग डेंगू से संक्रमित होते हैं।चित्र-शटरस्टॉक.
हर साल 5 से 10 करोड़ लोग डेंगू से संक्रमित होते हैं।चित्र-शटरस्टॉक.

डेंगू एक खतरनाक और जानलेवा बीमारी है। डेंगू बुखार को ‘हड्डी तोड़ बुखार’ के नाम से भी जाना जाता है, क्योंकि इससे बीमारी में मरीज को इतना अधिक दर्द महसूस करता है, मानो हड्डियां टूट गई हों। एक रिपोर्ट के मुताबिक, साल में लगभग 5-10 करोड़ लोग डेंगू बुखार से पीड़ित होते हैं, जिसमें से कइयों की जान भी चली जाती है। देखने में डेंगू मामूली बुखार जैसा ही लगता है। पर इसके समय पर उपचार के लिए जरूरी है कि आप इसके लक्षणों को पहचान लें।

क्‍या होता है डेंगू बुखार

ये बुखार डेंगू मादा एडीज इजिप्टी मच्छर के काटने से होता है। ये मच्छर सुबह के समय काटती हैं। डेंगू फैलने का खतरा बरसात के मौसम और उसके तुरंत बाद के महीनों में, जैसे- जुलाई से अक्टूबर में सबसे ज्यादा होता है। इनके एक बार काटने से भी इंसान संक्रमित हो सकता है।

खास बात यह कि मच्छरों को भी इंसानों से डेंगू मिल सकता है। अगर मादा मच्छर किसी संक्रमित व्यक्ति को काट ले, तो मच्छर को भी डेंगू वायरस हो सकता है। ऐसे में अगर वह मादा मच्छर किसी और व्यक्ति को काटती है, तो डेंगू वायरस उसके शरीर में भी प्रवेश कर सकता है। फिर करीब 3-5 दिनों के बाद व्यक्ति में डेंगू बुखार के लक्षण दिखाई देने लगते हैं।

डेंगू को नजरअदांज न करें। चित्र- शटरस्टॉक।
डेंगू को नजरअदांज न करें। चित्र- शटरस्टॉक।

पहचानिए डेंगू के लक्षण

  • ठंड लगना उसके बाद अचानक तेज बुखार आना
  • मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द होना
  • बहुत ज्यादा कमजोरी, ब्लड प्रेशर का कम होना
  • भूख न लगना, जी मिचलाना
  • उलटी और चक्कर आना, गिलटी (Gland) में सूजन आना
  • मुंह का स्वाद खराब होना
  • गले में दर्द होना
  • चेहरे, गर्दन और छाती पर रैशेज होना ।
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1 टेस्ट कराएं

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार अगर आपको कोई गंभीर परेशानी नहीं हो रही है, तो अपना इलाज घर में ही करें। बीमारी की गंभीरता को समझने के लिए आपको ये टेस्ट करवाने होंगे।
एंटीजन ब्लड टेस्ट (एनएस1) और एंटीबॉडी टेस्ट (डेंगू सिलॉरजी) के जरिये आपको इस बीमारी की गंभीरता के बारे में पता चलेगा कि आपकी बॉडी को कितने प्लेटलेट्स चाहिए। टेस्ट कराने से पहले डॉक्टर से परामर्श जरूर लें।

2 वातावरण में थोड़े बदलाव लाएं

अपने आस-पास के वातावरण को साफ रखें और पानी जमा न होने दें। मच्छरों को अपने से दूर करें। अपने आपको ढक कर रखें। ताकि मच्छर आपको काटने न पाएं और जहां तक संभव हो सोते समय मच्छरदानी का इस्तेमाल करें। घर में किसी भी खाली बर्तन में पानी जमा न होने दें क्योंकि डेंगू के मच्छर खुले पानी में ही पैदा होते हैं।

डेंगू एक खतरनाक और जानलेवा बीमारी है।चित्र- शटरस्टॉक.
डेंगू एक खतरनाक और जानलेवा बीमारी है।चित्र- शटरस्टॉक.

3 सही भोजन लें

इस बीमारी में सही डाइट लेने की आवश्यकता होती है। अपने भोजन में तरल चीजें ज्यादा लें, क्योंकि बुखार के कारण पूरी बॉडी डिहाइड्रेट हो जाती है। ऐसे में छाछ, सूप, पतली दाल और बकरी का दूध पीना चाहिए। इसके अलावा गिलोय, अनार, नारियल पानी, पपीते के पत्तों का काढ़ा और ब्रोकली खाने में लें, इससे प्लेटलेट्स बढ़ाने में मदद मिलती है।

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अंबिका किमोठी अंबिका किमोठी

योगा, डांस और लेखनी, यही सफर के साथी हैं। अपनी रचनात्‍मकता में देखूं कि ये दुनिया और कितनी प्‍यारी हो सकती है।