बच्चों की ओरल हेल्थ के लिए भी जरूरी है पेरेंट्स की अच्छी ओरल हाइजीन, एक्सपर्ट बता रहे हैं इसका कारण

विशेषज्ञ मानते हैं कि हमारे जींस हमारे बच्चों के दांतों का आकार, प्रकार और उनसे जुड़ी समस्याएं भी निश्चित कर सकते हैं। इसलिए अभी से अच्छी ओरल हाइजीन का पालन करें।
achhi aadatein viksit
कहानियां सुनने के जरिये बच्चे खुद में अच्छी आदतें विकसित करते हैं। चित्र: शटरस्टॉक
Dr Shweta Malik Updated: 26 Apr 2022, 12:58 pm IST
  • 122

एक अच्छी ओरल हाइजीन (Oral hygiene) अच्छे स्वास्थ्य का आधार है। पर क्या कभी आपने सोचा है कि आपकी ओरल केयर हेबिट्स आपके बच्चों की ओरल हाइजीन को भी प्रभावित कर सकती हैं? जी हां, ये बिल्कुल सच है। चेहरे-मोहरे की तरह आपके दांतों, मसूड़ों और मुंह की बनावट एवं उससे जुड़ी समस्याएं भी पीढ़ी दर पीढ़ी आगे बढ़ सकती हैं। एक्सपर्ट इसे जेनेटिक कनैक्शन (Genetic connection of teeth) बताते हैं और साथ ही दांतों और मसूड़ों के स्वास्थ्य के लिए अच्छी स्वच्छता आदतों का पालन करने की सलाह देते हैं। वर्ल्ड टूथेक डे (World Toothache Day) पर जानिए दांतों की बनावट, स्वच्छता और उससे जुड़ी समस्याओं के बारे में।

क्‍या दांतों की समस्‍याएं आनुवांशिक भी होती हैं?

ओरल हेल्‍थ कुछ हद तक हमारी जीन्‍स से भी जुड़ी होती है। यानि यह आनुवांशिक होती है। आपके मुंह का साइज़ और शेप, हडि्डयों की संरचना आनुवांशिकी तय करती है। यही कारण है कि दांतों का टेढ़ा-मेढ़ा होना जैसे दोष भी पीढ़ी-दर-पीढ़ी बने रहते हैं।

लेकिन दांतों की अधिकांश समस्‍याएं दांतों की सही तरीके से देखभाल न करने के कारण होती हैं। हम सही तरीके से ओरल हाइजीन का पालन कर इन समस्‍याओं को कम कर सकते हैं। ऐसा कर आप अपने दांतों को अच्‍छी स्थिति में रख सकते हैं, भले ही आपको आनुवांशिक तौर पर कैसे भी दांत क्‍यों न मिले हों।

Do baar brush karna apni family ke liye faydemand hai
दो बार ब्रश करना आपकी फैमिली के लिए फायदेमंद है। चित्र:शटरस्टॉक

कष्टदायक हो सकती है दांतों के प्रति लापरवाही

दांत का दर्द भयंकर हो सकता है और कई बार तो ऐसा भी होता है कि हम अपने दांतों को लेकर एकदम लापरवाह बने रहते हैं। जैसा कि हम सभी जानते हैं कि बचाव हमेशा इलाज से बेहतर विकल्‍प होता है। इसलिए दांतों के मामले में हमें सबसे पहले तो दांत दर्द के संभावित कारणों का पता लगाना चाहिए और फिर उनसे बचाव के उपायों पर ध्‍यान देना चाहिए।

यहां हैं दांतों में दर्द के कुछ प्रमुख कारण :

दांत का सड़ना
दांतों में बैक्‍टीरियल इंफेक्‍शन
टूथ फ्रैक्‍चर (दांत का टूटना)
फिलिंग खराब होना
ग्राइंडिंग टीथ (दांतों का आपस में टकराना)
संक्रमित मसूढ़े
दांत उखड़ना/दांत निकलना (जैसे कि अक्‍ल दाढ़ निकलना)

अच्छी ओरल हाइजीन और दांतों के स्वास्थ्य के लिए इन आदतों का पालन करना है जरूरी 

आमतौर पर दांतों की सड़न दांत के दर्द का मुख्‍य कारण होती है। इसलिए ओरल हाइजीन पर ध्‍यान देना चाहिए। दांतों के दर्द और सड़न से बचाव के लिए नियमित रूप से इन बातों का पालन करें:

नियमित रूप से ब्रश करें, हर दिन कम-से-कम दो बार
हर दिन कम-से-कम एक बार फ्लॉस करें
दांतों की प्रोफेशनल क्‍लीनिंग और सामान्‍य जांच के लिए साल में दो बार डेंटिस्‍ट से अवश्‍य मिलें

कब होती है डेंटिस्ट के पास जाने की जरूरत 

ओरल हाइजीन की अच्‍छी आदतों का पालन करने से दांतों के दर्द से काफी हद तक बचा जा सकता है। इसके बावजूद अगर आपको दांत दर्द की शिकायत होती है, तो तुरंत डेंटिस्‍ट के पास जाएं। डेंटिस्‍ट द्वारा उपचार इस बात पर निर्भर करता है कि दर्द की सही वजह क्‍या है। डेंटिस्‍ट द्वारा दांतों के दर्द में उपचार काफी हद तक निम्‍न प्रकार का होता है:

oral health ka khyal rakhein
आपने मौखिक स्वास्थ्य का ख्याल रखें . चित्र : शटरस्टॉक
  1. अगर दांत में कैविटी (सड़न) होती है, तो उस स्थिति में डेंटिस्‍ट कैविटी को भरते हैं या आवश्‍यकता हो तो, दांत उखाड़ते हैं
  2. यदि दांत के नीचे की स्‍नायु (नर्व) संक्रमित होती है, तो उस स्थिति में डेंटिस्‍ट रूट कैनाल करते हैं। इस प्रक्रिया में संक्रमण को हटाकर उस जगह पर सीलिंग सामग्री को भरा जाता है।
  3. यदि जबड़े में सूजन होती है, तो डेंटिस्‍ट आपको एंटिबायोटिक का सेवन करने की सलाह दे सकते हैं।
  4. जबड़ों के संक्रमण की स्थिति में, डेंटिस्‍ट डीप क्‍लीनिंग करते हैं। यदि संक्रमण बहुत गंभीर हो तो, गम थेरेपी दी जा सकती है।

संक्षेप में, दांतों के दर्द से बचाव के लिए ओरल हाइजीन की अच्‍छी आदतें अपनाएं और साल में दो बार प्रोफेशनल डेंटिस्‍ट से प्रोफेशनल क्‍लीनिंग करवाएं। डेंटल हैल्‍थ किसी भी व्‍यक्ति के लिए सेहतमंद और खुशहाल जीवन का मंत्र है।

यह भी पढ़ें – World Toothache Day: दांतों का दर्द बहुत तकलीफ देता है? तो ट्राई करें ये सुपर इफैक्टिव मॉम्स मैजिक ट्रिक्स

अपनी रुचि के विषय चुनें और फ़ीड कस्टमाइज़ करें

कस्टमाइज़ करें

  • 122
लेखक के बारे में

Dr Shweta Malik is Dental Consultant, Fortis Memorial Research Institute, Gurugram ...और पढ़ें

अगला लेख