वैलनेस
स्टोर

स्तनों में दर्द का कारण मासिक धर्म है या कुछ और? यहां हैं ब्रेस्ट पेन के 5 अन्य कारण

Updated on: 14 July 2021, 20:09pm IST
कई बार ब्रेस्ट में अचानक दर्द होने लगता है, और हम में से ज्यादातर इसे लेकर परेशान हो जाते हैं। समझिए क्या हो सकती है ब्रेस्ट पेन की वजह।
मोनिका अग्रवाल
  • 92 Likes
स्तनों में दर्द के कई और कारण भी हो सकते हैं। चित्र: शटरस्टॉक

हो सकता है आपको किसी समय ब्रेस्ट में अचानक दर्द महसूस हुआ। वैसे तो यह दर्द ज्यादातर सामान्य होता है और आसानी से ठीक किया जा सकता है, परंतु कई बार यह दर्द किसी गंभीर समस्या का लक्षण भी हो सकता है। इसलिए आप को इस दर्द को कभी भी नजर अंदाज नहीं करना चाहिए। 

डॉ रंजना बेकन गायनोकोलॉजिस्ट, कोलंबिया एशिया अस्पताल, के मुताबिक दर्द, सूजन, ब्रेस्ट में भारीपन, चुभन या जलन अथवा जकड़न वैसे तो आम बात है, खासकर कि यदि ऐसा आपको दोनों तरफ की ब्रेस्ट में फील हो रहा है। सबसे आम कारणों में से एक है हार्मोन में उतार-चढ़ाव और दूसरा फाइब्रोसिस्टिक (गांठदार) ब्रेस्ट। 

इसलिए किसी भी दर्द को कैंसर का रूप मानना सही नहीं। दोनों ब्रेस्ट में दर्द या ढीलेपन के बहुत से अन्य कारण भी हो सकते हैं।

क्या है ब्रेस्ट में होने वाला दर्द?

मासिक धर्म के दौरान कई बार महिलाओं के हार्मोन्स में बदलाव आ जाता है और इससे आपके ब्रेस्ट टिश्यू प्रभावित होते हैं, जिससे आपको दर्द महसूस होने लगता है। हालांकि यह दर्द रोजाना नहीं होता है केवल कभी-कभी ही आपको महसूस होता है। इस दर्द को मस्ताल्गिया भी कहा जाता है। यह मासिक धर्म के अलावा किसी चोट या अन्य कारणों के कारण भी हो सकता है।

यह भी पढ़ें-बेबी बड़ा हो रहा है और छुड़वाना चाहती हैं ब्रेस्टफीडिंग, तो ये तरीके आएंगे काम

यहां जानिए स्तन में दर्द के अन्य कारण

हार्मोन्स की वजह से

आप के हार्मोन्स में आने वाला बदलाव आप की ब्रेस्ट में होने वाले दर्द का सबसे पहला कारण होता है। जब आप का मासिक धर्म शुरू होता है उससे 2-3 दिन पहले आप की ब्रेस्ट में दर्द होने लगता है और थोड़े दिन बाद स्वयं ही ठीक हो जाता है। यह आप के पीरियड्स से पहले एस्ट्रोजेन व प्रोजेस्ट्रॉन (Estrogen and Progesterone) नामक हार्मोन में होने वाली बढ़ोतरी के कारण होता है। 

ब्रेस्ट पेन के कारणों को जानिए चित्र: शटरस्टॉक

आप को कोई चोट लगी है

यदि आप का कोई ऐक्सिडेंट (Accident) हुआ है या आप की ब्रेस्ट में खेलते समय या किसी प्रकार की चोट लगी है तो भी आप को यह दर्द महसूस हो सकता है। आप को चोट के दौरान हल्का दर्द हो सकता है परन्तु आप को यह दर्द चोट लगने के कुछ हफ्तों तक भी रह सकता है। यदि आप की स्थिति में सुधार महसूस न हो तो आप डॉक्टर को दिखा सकती हैं।

यह दर्द आप की चेस्ट वॉल से आ सकता है

आप की चेस्ट वॉल (Chest Wall) आप की मसल, टिश्यू व हड्डियों का क्षेत्र होता है जो आप के हृदय व फेफड़ों को सुरक्षित रखते हैं। इस वॉल में दर्द होने के कुछ कारणों में रिब्स में इन्फ्लेमेशन, हड्डी में फ्रेक्चर होना शामिल है। इसलिए आप की ब्रेस्ट में चेस्ट वॉल के कारण भी दर्द हो सकता है। 

ब्रेस्ट फीडिंग से

यदि आप के पास छोटा बच्चा है जिसे आप ब्रेस्ट फीड करवाती हैं तो इसके कारण भी आप की ब्रेस्ट में दर्द हो सकता है। इस के पीछे के कारण आप के बेबी द्वारा की गई बाइट व आप की ड्राई स्किन हो सकती है। यदि आप को अपने बच्चे को दूध पिलाते समय दर्द महसूस होता है तो इसके बारे में आप अपने डॉक्टर से अवश्य बात करें। 

कई बार स्तनपान करवाने के दौरान भी आप इस दर्द का सामना कर सकती हैं। चित्र : शटरस्टॉक

ब्रेस्ट इंफेक्शन के कारण

जो महिलाएं ब्रेस्ट फीडिंग करवाती हैं उन्हें ब्रेस्ट इंफेक्शन होने की अधिक संभावना होती है परन्तु यह कभी कभार ही होता है। यदि आप को ब्रेस्ट इंफेक्शन है तो आप को निम्न लक्षण देखने को मिल सकते हैं जैसे लाल होना, दर्द होना, सूजन आना आदि। यदि आप को ब्रेस्ट इंफेक्शन है तो डॉक्टर को अवश्य दिखाएं।

कहीं ब्रेस्ट कैंसर का एक लक्षण तो नहीं

ऊपर लिखित सभी कारण ज्यादा गंभीर नहीं होते हैं और वह आसानी से ठीक किए जा सकते हैं। जॉन हापकिंस यूनिवर्सिटी की रिसर्च के मुताबिक कई बार यह दर्द बहुत गंभीर समस्या भी हो सकती है जैसे कि ब्रेस्ट कैंसर का एक लक्षण। परन्तु ऐसा बहुत ही कम होता है।

केवल 1 से 5 प्रतिशत महिलाओं को ही यह समस्या देखने को मिलती है और यदि  किसी महिला को कैंसर भी हो जाता है तो इसे ठीक करना ज्यादा मुश्किल नहीं होता है। आप ब्रेस्ट कैंसर का पता लगाने के लिए मैमोग्राम या अल्ट्रा साउंड करवा सकती हैं।

दर्द से छुटकारा पाने के लिए क्या करें?

  1. अगर दर्द अधिक है तो आप हर समय एक सपोर्ट ब्रा को पहन सकती हैं।
  2. अपने नमक का सेवन कम करें।
  3. कैल्शियम सप्लीमेंट्स लें।
  4. ओरल कंट्रेसेप्टिव लें जिससे हार्मोन्स के लेवल नियमित हो सकें।
  5. एस्ट्रोजन ब्लॉकर्स ले सकती हैं।
  6. दर्द को कम करने वाली कुछ दवाइयों का सेवन करें।

यह भी पढ़ें- ब्रेस्टफीडिंग और कोविड वैक्सीनेशन : एक्सपर्ट से जानिए कैसे ये नन्हें शिशु को सुरक्षा प्रदान कर सकता है

मोनिका अग्रवाल मोनिका अग्रवाल

स्वतंत्र लेखिका-पत्रकार मोनिका अग्रवाल ब्यूटी, फिटनेस और स्वास्थ्य संबंधी विषयों पर लगातार काम कर रहीं हैं। अपने खाली समय में बैडमिंटन खेलना और साहित्य पढ़ना पसंद करती हैं।