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मम्मी कहती हैं सर्दियां आते ही शुरू कर देना चाहिए छुहारे खाना, साइंस में भी है इसका कारण

Published on:24 November 2021, 11:00am IST
मेरी मम्मी की सर्दियों की रसोई बहुत सारे सुपरफूड्स का भंडार बन जाती है। इस बार इसमें छुहारे लाकर मम्मी उन्हें हमारे आहार में शामिल कर रहीं हैं।
ऐश्‍वर्या कुलश्रेष्‍ठ
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chhuhara ke fayde
यहां हैं सर्दियों में छुहारा खाने के 5 स्वास्थ्य लाभ। चित्र : शटरस्टॉक

आपने सर्दियों में खजूर तो कई बार खाए होंगे। पर, क्या आपने कभी छुहारे खाए हैं? शायद नहीं, आप में से कुछ लोग शायद पहली बार इसके बारे में सुन रहे होंगे। पर हम आपको बता दें कि छुहारा असल में सुपरफूड है। और प्रोटीन का भंडार है। तो इन सर्दियों में अपने आहार में छुहारे शामिल करने के हम आपको कई कारण बताने वाले हैं।

जानिए क्या है छुहारा

छुहारा मूल रूप से सूखे हुए खजूर होते हैं। इन्हें सुखाकर इस्तेमाल किया जाता है, जिससे थोड़े सख्त और सिकुड़े हुए हो जाते हैं। इनका उपयोग भारतीय घरों में त्योहारों के दौरान धार्मिक उद्देश्यों के लिए भी किया जाता है। इसके अलावा, ये एनर्जी बूस्टर और विटामिन और खनिजों का एक पावरहाउस हैं, जो आपको अच्छा स्वास्थ्य प्राप्त करने में मदद कर सकते हैं।

दूध और छुहारा है एक हेल्दी कॉम्बीनेशन

मेरी मम्मी सर्दियों में दूध के साथ छुहारा खाने की सलाह देती हैं। और हमारे घर में यह सर्दियों की बरसों पुरानी प्रैक्टिस है। छुहारे की तासीर गार्म होती है। साथ ही यह स्वास्थ्य के लिए कई तरह से फायदेमंद है। आयुर्वेद में छुहारा को वात और पित्त दोषों से संबंधित मुद्दों का मुकाबला करने के लिए फायदेमंद माना जाता है।

मम्मी कहती हैं बढ़ते बच्चों के लिए फायदेमंद है। दूध और छुहारा। चित्र : शटरस्टॉक

जानिए साइंस छुहारे के बारे में क्या कहता है

1 हृदय कार्य में सुधार करता है

छुहारे में बहुत कम मात्रा में कोलेस्ट्रॉल होता है और यह कम घनत्व वाले लिपोप्रोटीन (एलडीएल या रक्तप्रवाह में खराब कोलेस्ट्रॉल) की मात्रा को नियंत्रित कर सकता है। रक्तचाप के रोगियों को रोजाना कम से कम तीन छुहारे का सेवन करने की आदत डाल लेनी चाहिए।

इसमें पोटेशियम की मात्रा अधिक होती है। सोडियम की कम मात्रा इसे रक्तचाप को नियंत्रित करने के लिए एक आदर्श आहार बनाती है।

2 पोषक तत्वों से भरपूर

सूखे खजूर में एंटीऑक्सीडेंट गुण चयापचय गतिविधि को गति प्रदान करते हैं। जबकि घुलनशील और अघुलनशील फाइबर पोषक तत्वों के बेहतर अवशोषण के लिए अच्छी मात्रा में पाचक रस छोड़ते हैं।

3 ऊर्जा का स्तर बनाए रखता है

दूध और छुहारे दोनों ही ऊर्जा का एक परम स्रोत हैं। छुहारे फ्रुक्टोज और सुक्रोज दोनों शर्करा का एक प्राकृतिक स्रोत होने के कारण अचानक थकान और गंभीर थकान से लड़ने में सहायता करता है। यदि आप नियमित अंतराल पर ऊर्जा की हानि से पीड़ित हैं, तो तुरंत ऊर्जा प्राप्त करने के लिए कुछ भीगे हुए खजूर को हमेशा संभाल कर रखें। इसके साथ ही दूध और छुहारे को अपनी डेली डाइट का हिस्सा बना लेना चाहिए।

Cheeni ka healthy option hai khajoor
चीनी का स्वस्थ विकल्प है छुहारा। चित्र:शटरस्टॉक

4 हड्डियां मजबूत बनाता है

कैल्शियम, विटामिन सी, आयरन और विटामिन बी-6 की अच्छी मात्रा हड्डियों को मजबूत बनाने में मदद करती है। पोषण विशेषज्ञ सप्ताह में कम से कम दो बार प्रति दिन कम से कम 3 छुहारे शामिल करने की सलाह देते हैं। ताकि बाद के चरण में ऑस्टियोपोरोसिस और हड्डियों से संबंधित अन्य विकारों को रोका जा सके।

5 पाचन तंत्र सुधारे

दैनिक आहार में दूध और छुहारे को शामिल करके एसिडिटी, कब्ज जैसी पाचन संबंधी समस्याओं से प्रभावी ढंग से निपटा जा सकता है। कब्ज भोजन में फाइबर की कमी, निर्जलीकरण या किसी अंतर्निहित स्थिति का संकेत हो सकता है।

छुहारे भारी मात्रा में आहार फाइबर से भरे होते हैं। ये एक प्राकृतिक रेचक के रूप में काम करते हैं और मल त्याग को नियंत्रित करते हैं। इसका ठंडा प्रभाव एसिडिटि को कम करता है और पेट को शांत करता है।

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ऐश्‍वर्या कुलश्रेष्‍ठ ऐश्‍वर्या कुलश्रेष्‍ठ

प्रकृति में गंभीर और ख्‍यालों में आज़ाद। किताबें पढ़ने और कविता लिखने की शौकीन हूं और जीवन के प्रति सकारात्‍मक दृष्टिकोण रखती हूं।