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मनोचिकित्सक मानते हैं कभी-कभी रोना भी है आपके लिए फायदेमंद, जानिए कैसे

Updated on: 10 December 2020, 11:25am IST
अपने मूड को ठीक करने से लेकर दर्द को कम करने तक, कभी-कभार रोना आपको कई तरह से फायदा पहुंचा सकता है। टॉप साइकेट्रिस्‍ट भी यही सुझाव दे रहे हैं।
टीम हेल्‍थ शॉट्स
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रोने को कमजोरी न समझें,ये बिल्कुल समान्य है। चित्र: शटरस्‍टॉक
रोने को कमजोरी न समझें,ये बिल्कुल समान्य है। चित्र: शटरस्‍टॉक

क्या आप कभी इस मुहावरे से रूबरू हुए हैं : “जो बीत गया उसके लिए रोना क्या”? लेकिन, बात यह है कि क्यों नहीं रोना चाहिए? रोने में क्या नुकसान है? क्योंकि हमें इस बात का प्रमाण मिल गया है कि यदि आपको किसी बात का बुरा लगा है, तो रोना वास्तव में आपकी कई तरह से मदद कर सकता है!

दंग रह गए ना? खैर, कौन दंग नहीं होगा? लेकिन, यह एक तथ्य है कि रोना आपकी कई प्रकार की भावनाओं को व्यक्त करने में मदद करता है और यह एक अच्छी बात है। विशेषज्ञों के अनुसार, यह किसी भी भावना के लिए एक प्राकृतिक मानवीय प्रतिक्रिया है – यही कारण है कि हमारी आंखों में कई बार खुशी के आंसू भी आ जाते हैं।

मुंबई के वॉकहार्ट अस्पताल की मनोचिकित्सिका डॉ. सोनल आनंद के अनुसार,रोना भी एक विकास की तरह माना है, जो अपनी भूमिका निभाता है। जब कोई बच्चा रोता है, तो वह ध्यान आकर्षित करने के लिए या मदद के लिए रोता है। इसी तरह, रोना भी उस गैर-मौखिक तरीके से दूसरे व्यक्ति से संवाद करने का एक जरिया बन जाता है, जिससे आप समर्थन मांग रहे हैं।

लेकिन रोने से आपको कैसे आराम मिलता है? आइए जानें इस पर विशेषज्ञ क्या कहती हैं

डॉ. सोनल समझाती हैं, “जब आप तनावग्रस्त होते हैं, तो आपके शरीर में कोर्टिसोल या ‘स्ट्रेस हार्मोन’ रिलीज़ होते हैं। यह आपकी भावनाओं को उत्तेजित करता है, जो आपके आंसू नलिकाओं को भी ट्रिगर करता है। जब आप एक भावना पर बहुत केंद्रित होती हैं, तो आपके आंसू के साथ, प्रोटीन और तनाव हार्मोन भी जारी होते हैं। यह विशेष रूप से तब होता है, जब आप गुस्से या तनाव में होती हैं।”

रोना आपकी भावनाओं को संतुलित करता है। चित्र: शटरस्‍टॉक
रोना आपकी भावनाओं को संतुलित करता है। चित्र: शटरस्‍टॉक

वह कहती है, “ल्यूसीन एनकेफालिन्स भी रिलीज़ होते हैं, जो एंडोर्फिन के अलावा और कुछ नहीं है। यह दर्द से राहत देने और एक साथ आपके मूड को अच्छा बनाने में मदद करता है। उसके बाद, आपका पैरासिम्पेथेटिक नर्वस सिस्टम (पीएनएस) शरीर को संभाल लेता है और संकेत देता है कि सब कुछ ठीक है और आपको आराम महसूस होता है। ”

रोना आपके भावनात्मक संतुलन को बनाए रखने में भी मदद करता है

डॉ. आनंद बताती हैं कि हम बस तब ही नहीं रोते हैं, जब हम दुखी होते हैं। हम तब भी रोते हैं जब हम बहुत खुश या चिंतित होते हैं। अधिकांश यही होता है क्योंकि हम सभी भावनाओं पर केन्द्रित हो जाते हैं। उस समय, आपका शरीर रोते हुए बताता है, ताकि भावनाओं की सुनामी को नियंत्रित किया जा सके और वापस सामान्य स्थिति में लाया जा सके।

“अच्छी तरह से रोने से वास्तव में आपको हल्का और बेहतर महसूस हो सकता है। यह आपके दिमाग को शांत करता है और यही कारण है कि हम में से अधिकांश रोने के बाद सुस्त महसूस करते हैं, क्योंकि शरीर तनाव मुक्त हो जाता है और आपका मन बहुत शांत महसूस करता है ” वे समझाती हैं।

जब आप तनाव में होती हैं, तो रोना आपके लिए फायदेमंद होता है। चित्र: शटरस्टॉक
जब आप तनाव में होती हैं, तो रोना आपके लिए फायदेमंद होता है। चित्र: शटरस्टॉक

उन्होंने निष्कर्ष दिया, “लेकिन हमें यह देखने की ज़रूरत है कि आप या आपका कोई परिचित अगर हर बात पर रो पड़ता है तो यह किसी मानसिक कष्ट का का संकेत हो सकता है। कभी-कभी ऐसे मामलों में चिकित्सा हस्तक्षेप की आवश्यकता होती है, क्योंकि बहुत अधिक रोना चिंताजनक है। ”

इसलिए, अगली बार जब कोई आपको कमजोर कहे या आपको रोने के लिए जज करे – तो इस पर ध्यान न दें, क्योंकि यह सब आपकी अपनी मानसिक शांति के लिए है।

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टीम हेल्‍थ शॉट्स टीम हेल्‍थ शॉट्स

ये हेल्‍थ शॉट्स के विविध लेखकों का समूह हैं, जो आपकी सेहत, सौंदर्य और तंदुरुस्ती के लिए हर बार कुछ खास लेकर आते हैं।