फ्रेंड्स विद बेनिफिट्स हैं, तो जान लें इसे बेहतर बनाए रखने वाली ये 5 जरूरी बातें

इस रिश्ते के लाभ के साथ ही चुनौतियां भी हैं, जो नज़रंदाज़ होने पर परेशानियों का कारण बन सकती हैं। ज़रूरी है कि अपने फ्रेंड विद बेनिफिट के साथ की जाने वाली इन 5 गलतियों से बचें।

फ्रेंड्स विद बेनिफिट है तो रखें इन बातों का ध्यान, चित्र:शटरस्टॉक
शालिनी पाण्डेय Updated on: 28 September 2022, 22:23 pm IST
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बदलते समाज और परिवेश के साथ दोस्ती और रिलेशनशिप के पैमाने और नाम भी बदले हैं। सीरियस रिलेशनशिप (Intimate relationship) से लेकर कैजुअल रिलेशन  (Casual relationship) और कैजुअल से लेकर फ्रेंड्स विद बेनिफिट्स (Friends with benefits) तक का कॉन्सेप्ट सामने आया है। कोई भी रिश्ता बुरा नहीं होता, अगर आप उस रिश्ते की सीमा रेखा पहचानती हों। इसलिए अगर आप भी किसी ऐसे रिश्ते में जुड़ गई हैं, जिसे फ्रेंड्स विद बेनेफिट्स कहा जा सकता है, तो आपको इसकी सीमा रेखा (friends with benefits rules tips) भी समझ लेनी चाहिए। वरना ये आपके शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक स्वास्थ्य के लिए जोखिम भरा हो सकता है। 

समझिए क्या है फ्रेंड्स विद बेनिफिट्स (Friends with benefits)

यह आसान और स्वाभाविक है कि आप इस तरह के रिश्ते में सिर्फ इसलिए जुड़ जाएं क्योंकि इसमें न तो कोई शर्त है न बंधन। हां यह वन नाईट स्टैंड से अलग है, लेकिन प्रेमी/प्रेमिका के रिश्ते से कुछ कम भी है। कुल मिलाकर देखा जाए, तो यह एक तरह का ऐसा रिश्ता है जहां सबसे ज़रूरी है संतुलन। इस रिश्ते के काफी लाभ हैं, तो साथ ही इसकी कुछ चुनौतियां भी हैं। जो नज़रंदाज़ किए जाने पर आपकी परेशानियों का कारण भी बन सकती है। ऐसे में ज़रूरी हो जाता है कि आप अपने फ्रेंड विद बेनिफिट के साथ की जाने वाली इन गलतियों से बचें ।

फ्रेंड्स विद बेनिफिट्स (Friends with benefits) हैं तो ध्यान में रखें ये 5 बातें 

1 अपने इरादों के प्रति ईमानदार रहें

रिलेशनशिप एक्सपर्ट ऋषि माथुर इस विषय में बात करते हुए बताते हैं कि यह रिश्ता तभी बेहतर ढंग से काम करता है जब दोनों पक्ष एक-दूसरे के लिए अपने इरादों के बारे में स्पष्ट हों। यदि आप किसी ऐसे दोस्त के साथ संबंध में हैं, जो आपको पसंद करता है और उम्मीद करता है कि आप उसके साथ लम्बे समय तक संबंध में रहें, तो यह लंबे आगे जाकर आप दोनों को ही नुकसान पहुंचाएगा। 

एक परफेक्ट पार्टनर अपनी भावनाओं को कभी नहीं छुपाता है । चित्र: शटरस्‍टॉक
रिश्ते के बीच खींचें सीमा रेखा। चित्र: शटरस्‍टॉक

यही कारण है कि आप दोनों को शुरुआत में ही अपनी अपेक्षाओं और इरादों के बारे में ईमानदारी से बात करनी चाहिए।

2  फ्रेंडशिप फर्स्ट

एफडब्ल्यूबी (FWB) की व्यवस्था का मतलब है कि आप दोनों दोस्त बनने जा रहे हैं पर जब आप इससे थक जाएं या जब आप में से किसी एक को एक दूसरे में अपना प्रेम मिल जाए, तो रिश्ता खत्म कर आप दोस्त बन जाएं। यही कारण है कि अपनी एफडब्ल्यूबी रिलेशन स्टेटस के दौरान एक अच्छे दोस्त होने पर ध्यान दिया जाए। ताकि दोस्त बने रहना दोनों के लिए आसान बना रहे।

3 अवास्तविक उम्मीदें न रखें

सिर्फ इसलिए कि आप अपने दोस्त के साथ फिजिकल रिलेशनशिप शेयर कर रही हैं, इसका मतलब यह नहीं है कि आप हर बार जब भी आपको उनकी ज़रूरत हो वे आपके लिए उपलब्ध हों। ध्यान रखें कि रिश्ता जो भी हो एकतरफा नहीं है। इसके अतिरिक्त, यदि आप इस रिश्ते के  आगे बढ़ने की उम्मीद में हैं तो, बेहतर है कि इसे अभी ख़त्म किया जाए।

4 बहुत अधिक इन्वॉल्व न हों

फ्रेंड विद बेनिफिट के साथ इन्वॉल्व होना आपको भरी पड़ सकता है। हां आप दोनों दोस्त हैं और आपको उनके लिए भावनाएं रखने की अनुमति है। पर ध्यान रहे ये केवल वही भावनाएं हों जो आप आमतौर पर अपने अन्य दोस्तों के लिए रखती हैं। 

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फ्रेंड्स विद बेनिफिट होने के फायदे और नुकसान दोनों है, चित्र: शटरस्टॉक

यदि आप पाते हैं कि आप अपने साथी के लिए ज्यादा सघन भावनाओं को महसूस करना शुरू कर रही हैं, तो एक कदम पीछे हटना, अपनी स्थिति का पता लगाना और आगे बढ़ने से खुद को रोकना ही बुद्धिमानी होगी।

5 ऐसा व्यवहार न करें जैसे आप रिश्ते में हैं

आप एक दोस्त के साथ बेनिफिट्स की स्थिति में नहीं हो सकते हैं, तो यह उम्मीद करना कि आपका साथी डॉक्टर या आपके चचेरे भाई की शादी में आपके साथ जाएगा गलत सोच है। लिमिट तय करना इस रिश्ते के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। ताकि यह विशुद्ध रूप से यौन संबंधों तक सीमित रहे और सीरियस रिलेशनशिप तक न पहुंचे ।

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