क्या आपके इंटीमेट एरिया का रंग गहरा है? जानिए यह नॉर्मल है या नहीं

Published on: 28 December 2021, 19:30 pm IST

आपकी योनि स्वाभाविक रूप से आपके शरीर के बाकी हिस्सों की तुलना में अधिक गहरे रंग की होती है। मगर यदि आपको लग रहा है कि हाल ही में इसमें कोई परिवर्तन हुआ है, तो इस पर गौर करने की ज़रूरत है। घबराएं नहीं और इन सभी कारणों को पढ़ें।

vagina ke kalepan ka karan
योनि के कालेपन के कारण। चित्र : शटरस्टॉक

योनि क्षेत्र का काला पड़ना महिलाओं के लिए एक सामान्य अनुभव है। मगर कुछ महिलाओं के लिए यह चिंता का कारण बन सकता है, क्योंकि उन्हें लग सकता है कि यह अजीब है या कहीं ये किसी समस्या का कारण तो नहीं! इस क्षेत्र का काला पड़ना (Dark vaginal area) महिलाओं के स्वास्थ्य और कल्याण का एक महत्वपूर्ण पहलू है। हालांकि अंतरंग अंग शरीर के बाकी हिस्सों की तुलना में थोड़े गहरे रंग के होते हैं। लेकिन अगर आपने हाल ही में देखा है कि आपका योनि क्षेत्र और अधिक काला हो गया है, तो आपको ध्यान देना चाहिए।

तो चलिये आज इस लेख के माध्यम से जानते हैं कि आखिर क्यों योनि का रंग ज़्यादा गहरा होता है और इसके पीछे क्या कारण हो सकते हैं।

हार्मोनल बदलाव (Hormonal Changes)

जी हां, आपके हार्मोन इसमें अहम भूमिका निभा सकते हैं। वेजाइनल एरिया का रंग काला पड़ना हार्मोनल परिवर्तनों के परिणामस्वरूप होता है। अमेरिकन कॉलेज ऑफ ओब्स्टेट्रिशियन एंड गायनेकोलॉजिस्ट्स के अनुसार, यौवन के दौरान, एस्ट्रोजन के स्तर में अचानक बढ़ोतरी हो सकती है। जिससे अंतरंग क्षेत्र काला पड़ सकता है। आपके 30 और 40 के दशक के अंत में, कम एस्ट्रोजन के स्तर के कारण भी वही प्रभाव पड़ सकता है, जब आप रजोनिवृत्ति के करीब हैं।

vagina ka rang gehra hone ke karan
योनि का रंग अन्य क्षेत्रों से गहरा होता है और यह बिल्कुल नॉर्मल है। चित्र : शटरस्टॉक

उम्र (Age)

जैसे-जैसे आपकी उम्र बढ़ती है, न केवल आपकी योनि की लोच और बनावट में बदलाव आता है, बल्कि रंग में भी बदलाव हो सकते हैं। न केवल योनि, बल्कि शरीर के अन्य अंग भी उम्र के साथ काले पड़ सकते हैं। ऐसा हमेशा नहीं होता, लेकिन इस कारक को नजरअंदाज नहीं किया जाना चाहिए।

पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (PCOS)

मौजूदा जीवनशैली में कई महिलाएं पॉलीसिस्टिक ओवरी सिंड्रोम (पीसीओएस) से प्रभावित हैं। यह एक ऐसी स्थिति है जब अंडाशय में छोटे-छोटे सिस्ट विकसित हो जाते हैं। यह आपके शरीर के अंदर हार्मोनल उतार – चढ़ाव पैदा करता है। पीसीओएस से शरीर में पुरुष हार्मोन (एंड्रोजन) की अधिकता हो जाती है। और इससे आपके निजी अंगों में कालापन हो सकता है।

योनि में संक्रमण (Vaginal Infection)

योनि शरीर का सबसे संवेदनशील अंग है और महिलाओं को समय-समय पर योनि में संक्रमण होने का खतरा रहता है। कुछ स्थितियां योनि के आसपास के क्षेत्र को प्रभावित करती हैं, जिससे क्षेत्र के चारों ओर काले धब्बे हो सकते हैं।

infection apki vagina ke rang ko prabhavit karta hai
इन्फ़ैकशन आपकी वेजाइनल हेल्थ के साथ साथ इसके रंग को भी
प्रभावित कर सकता है. चित्र : शटरस्टॉक

त्वचा का रगड़ना (Friction)

पहला और सबसे आम कारण त्वचा का रगड़ना है। यह तंग अंडरवियर या ऐसे कपड़े पहनने के कारण हो सकता है, जो ठीक से फिट नहीं होते हैं। साथ ही उस क्षेत्र में उचित वेंटिलेशन की कमी के कारण भी ऐसा हो सकता है। यह रोज़मर्रा की गतिविधियों जैसे चलना, व्यायाम, सेक्स आदि के परिणामस्वरूप भी हो सकता है। इसके अलावा, क्षेत्र को बहुत अधिक रगड़ने से भी कालापन हो सकता है।

अपने इंटीमेट एरिया के कालेपन को कम करने के लिए, आपको यह जानना होगा कि उनकी सबसे अच्छी देखभाल कैसे की जाए –

ज़्यादा पानी पिएं ताकि वहां की त्वचा भी हाइड्रेट रह सके और संक्रमण का खतरा कम हो। पीएच संतुलन भी बनाए रखें।

शेव या ट्रिम करने से पहले वहां की त्वचा को थोड़ा एक्सफोलिएट भी किया जा सकता है। ऑयलिंग भी ज़रूरी है।

आरामदायक अंडरवियर पहनें, जो ज़्यादा टाइट न हों।

यह भी पढ़ें  : Safe sex : आपके दिल, दिमाग और रिश्ते के लिए भी अच्छा है सुरक्षित यौन संबंध बनाना

ऐश्‍वर्या कुलश्रेष्‍ठ ऐश्‍वर्या कुलश्रेष्‍ठ

प्रकृति में गंभीर और ख्‍यालों में आज़ाद। किताबें पढ़ने और कविता लिखने की शौकीन हूं और जीवन के प्रति सकारात्‍मक दृष्टिकोण रखती हूं।

पीरियड ट्रैकर

अपनी माहवारी को ट्रैक करें हेल्थशॉट्स
पीरियड ट्रैकर के साथ।

ट्रैक करें