खुश्क ठंड में बढ़ सकती हैं श्वसन संबंधी समस्याएं, जानिए कैसे करना है इन्हें कंट्रोल

जो लोग पहले से ही श्वसन संबंधी समस्याओं से जूझ रहे हैं, उनके लिए यह खुश्क ठंड समस्याएं और बढ़ा सकती है। इसलिए इन्हें अपना ध्यान औरों से भी ज्यादा रखना होगा।

sardiyon mein respiratory problems ke karan
सर्दियों में श्वसन संबंधी समस्याओं के कारण और बचाव के उपाय। चित्र : शटरस्टॉक
अंजलि कुमारी Published on: 20 December 2022, 18:00 pm IST
  • 134

 

सर्दियों में आमतौर पर सेहत संबंधित कई प्रकार की समस्याएं होने की संभावना बढ़ जाती है। जैसे कि हाई ब्लड प्रेशर और दिल की बीमारी। वहीं रेस्पिरेट्री प्रॉब्लम भी ठंड में नजर आने वाली एक सबसे आम समस्या है। ठंड में बढ़ती सर्दी, खांसी और कफ के संक्रमण से सांस लेने में कठिनाई होती है। इसके साथ ही कई अन्य कारण भी हैं, जिस वजह से आपको इस समस्या का सामना करना पड़ता है। यदि आपको पहले से किसी प्रकार की सांस से जुड़ी बीमारी है, तो सर्दियां आपकी समस्या को तेजी से ट्रिगर कर सकती हैं। इसलिए सर्दियों में अधिक (How to control respiratory problems in winter) सावधानी बरतने की कोशिश करें।

सर्दियों में रेस्पिरेट्री प्रॉब्लम्स से दूर रहने के लिए इन बातों का रखें खास ध्यान

1. लकड़ियां जलाकर आग सेकने से बचें

ठंड में लोग अक्सर शरीर को गर्माहट प्रदान करने के लिए लकड़ियों को सुलगाकर आग सेकना पसंद करते हैं। यह शरीर को गर्माहट प्रदान करने का एक अच्छा तरीका है। परंतु इस दौरान यह आपके रेस्पिरेट्री हेल्थ को काफी ज्यादा नुकसान पहुंचा सकता है। खासकर यदि आप पहले से ही अस्थमा, साइनस, इत्यादि जैसी रेस्पिरेट्री की समस्याओं से ग्रसित हैं।

ऐसा करना सर्दियों में आपकी समस्या को तेजी से ट्रिगर कर सकता है। इसलिए ठंड में आग सेकने से बचें। शरीर को गर्माहट प्रदान करने के लिए एक अच्छी डाइट लें और पर्याप्त गर्म कपड़े पहने।

winter allergy
सर्दियों में रखें अपना खास ख्याल. चित्र : शटरस्टॉक

2. बाहर जाते वक्त हाथ और मुंह को पूरी तरह से कवर करना न भूलें

सर्दियों में चलने वाली ठंडी और शुष्क हवा आपके एयरवेज और लंग्स में जलन पैदा करती है। वहीं जब आप ठंडी हवा को इन्हेल करती हैं, तो हवा को पास होने में कठिनाई होती है। जिस वजह से सांस लेने में मुश्किल आने जैसी समस्या देखने को मिलती है और यदि आप पहले से ही रेस्पिरेट्री समस्यायों से ग्रसित हैं तो यह आपकी समस्या को और ज्यादा ट्रिगर कर सकता है।

इसलिए ठंड में बाहर निकलने से पहले स्कार्फ़ या मौफलर से मुंह और नाक को कवर करना न भूलें। ऐसा करने से ठंडी हवा सीधे आपके लंग्स तक नहीं पहुंचती और आपको सांस लेने में भी तकलीफ नही होती।

3. शरीर को गर्म और ड्राई रखें

जैसा कि आप जानती हैं ठंड की वजह से रेस्पिरेट्री प्रॉब्लम्स तेजी से बढ़ती हैं। ऐसे में पर्याप्त गर्म कपड़े पहने और नहाने के बाद खुद को पूरी तरह सुखाना न भूलें। ऐसा करने से आपका शरीर गर्म रहेगा और रेस्पिरेट्री इनफेक्शन होने की संभावना कंट्रोल रहेगी।

4. विटामिन सी युक्त खाद्य पदार्थों का सेवन करें

अमेरिकन जर्नल ऑफ रेस्पिरेट्री एंड क्रिटिकल केयर मेडिसिन द्वारा प्रकाशित एक अध्ययन के अनुसार विटामिन सी का सेवन लंग्स को प्रोटेक्ट करता है और सीओपीडी जैसी रेस्पिरेट्री समस्याओं में फायदेमंद होता है। ऐसे में ठंड में विटामिन सी से युक्त संतरा, गूसबेरी, अमरूद, नींबू, इत्यादि का सेवन सांस से जुड़ी समस्याओं को नियंत्रित रखने में मदद करेगा।

bhaap lene ke fayde
आपके स्वास्थ्य के लिए भाप लेने के फायदे। चित्र : शटरस्टॉक

ये घरेलू उपाय कम कर सकते हैं आपकी परेशानी

1. ह्यूमिडिफायर का इस्तेमाल या पानी गर्म करके भाग लेने से एयरवेज और नासिका मार्ग मॉइश्चराइज रहती हैं। जिस वजह से सांस से जुड़ी समस्याएं होने की संभावना बहुत कम हो जाती है।

2. सर्दियों में जरूरत के अनुसार गर्म चाय, कॉफी और सूप का सेवन शरीर के टेंपरेचर को मेंटेन रखने में मदद करता है।

3. यदि आपके आसपास के वातावरण में बहुत ज्यादा गंदगी है, तो खासकर सर्दियों में सुबह बाहरी वातावरण में जोगिंग करने से बचें। क्योंकि पॉल्यूशन में मौजूद टॉक्सिंस की वजह से आपकी रेस्पिरेट्री प्रॉब्लम्स ट्रिगर हो सकती हैं।

4. अपनी इम्यून सिस्टम को बूस्ट करके रखें। इसके लिए पोषक तत्वों से भरपूर विभिन्न प्रकार के खाद्य पदार्थों का सेवन करें। साथ ही खुद को शारीरिक रूप से सक्रिय रखें। यदि सर्दियों में बाहर जाना मुश्किल हो गया है, तो घर पर कुकिंग करें और घर की साफ सफाई भी कर सकती हैं।

  • 134
लेखक के बारे में
अंजलि कुमारी अंजलि कुमारी

इंद्रप्रस्थ यूनिवर्सिटी से जर्नलिज़्म ग्रेजुएट अंजलि फूड, ब्यूटी, हेल्थ और वेलनेस पर लगातार लिख रहीं हैं।

स्वास्थ्य राशिफल

स्वस्थ जीवनशैली के लिए ज्योतिष विशेषज्ञों से जानिए अपना स्वास्थ्य राशिफल

सब्स्क्राइब
nextstory

हेल्थशॉट्स पीरियड ट्रैकर का उपयोग करके अपने
मासिक धर्म के स्वास्थ्य को ट्रैक करें

ट्रैक करें