वैलनेस
स्टोर

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2021 : जानिए क्यों सारी दुनिया कर रही है शारीरिक और मानसिक कल्याण के लिए योग पर भरोसा

Published on:21 June 2021, 13:25pm IST
हम ऐसे समय में है जब कोविड-19 महामारी ने सारी दुनिया को हिलाकर रख दिया है। हम खुशकिस्मत हैं कि हमारे पास शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को बनाए रखने का ये अनमोला प्राकृतिक उपहार है।
ऐश्‍वर्या कुलश्रेष्‍ठ
  • 101 Likes
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2021: शारीरिक और मानसिक कल्याण के लिए योग. चित्र : शटरस्टॉक

योग भारत की प्राचीन परंपरा का एक अमूल्य उपहार है। कोरोना वायरस के इस दौर में योग के महत्व को दुनिया भर ने माना है। ऐसे लोगों की संख्या लाखों-करोड़ों में है, जिन्होंने योग को ही अपने स्वास्थ्य के लिए अंतिम कारगर उपाय माना है। योग के महत्व को पहचानते हुए ही और लोगों को इसके प्रति जागरूक करने के लिए हर साल 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस (International Yoga Day 2021) मनाया जाता है।

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2021

2015 से, योग के महत्व और मानव स्वास्थ्य पर इसके प्रभावों के बारे में लोगों में जागरूकता फैलाने के लिए योग दिवस मनाया जाता है। संयुक्त राष्ट्र संगठन ने बड़े पैमाने पर हुई सार्वजनिक मांग पर 2014 में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस नामित किया। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस समारोह भारत, अमेरिका, कनाडा, यूरोप, मध्य पूर्व, चीन, ऑस्ट्रेलिया और पाकिस्तान सहित दक्षिण एशिया के कुछ अन्य देशों में मनाया जाता है।

संयुक्त राष्ट्र द्वारा अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का विचार पहली बार 2014 में संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) में अपने भाषण के दौरान प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रस्तावित किया गया था। इस पहल को 177 राष्ट्रों का समर्थन प्राप्त था, जो इस तरह के किसी भी यूएनजीए प्रस्ताव के लिए अब तक का सबसे बड़ा सहयोग है।

प्रधान मंत्री मोदी के प्रस्ताव के बाद, 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाने की तारीख के रूप में चिह्नित किया गया था। यह दिन ग्रीष्म संक्रांति का प्रतीक है, और वर्ष का सबसे लंबा दिन, जो दुनिया के कई हिस्सों में विशेष महत्व रखता है। जिस तरह से 21 जून साल का सबसे लंबा दिन होता है, ठीक उसी तरह योग को भी चिरायु होने का प्रतीक माना जाता है।

योग मन की शांति है. हैप्पी योगा डे! चित्र : शटरस्टॉक

योग क्या है?

संस्कृत भाषा से व्युत्पन्न “योग” शब्द का अर्थ है एक होना (किसी के साथ) या जुड़ना। योग मन और शरीर की एकता का प्रतीक है; विचार और क्रिया; संयम और पूर्ति; मनुष्य और प्रकृति के बीच सामंजस्य बिठाने वाला, मनाव स्वास्थ्य और कल्याण के लिए एक समग्र दृष्टिकोण है।

यह सिर्फ व्यायाम ही नहीं है, बल्कि अपने आप को, दुनिया और प्रकृति के साथ एकता की भावना की खोज करने के लिए भी है। अपनी जीवन शैली को बदलकर और चेतना पैदा करके, यह समाज कल्याण में मदद कर सकता है।

यह भी पढ़ें : अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस : कार्डियो योग हो सकता है कम समय में ज्यादा कैलोरी बर्न करने में मददगार

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का महत्व

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का उद्देश्य योग का अभ्यास करने के कई लाभों के बारे में दुनिया भर में जागरूकता बढ़ाना है। विश्व स्वास्थ्य संगठन, नागरिकों को शारीरिक निष्क्रियता को कम करने का भी आग्रह करता है, जो दुनिया भर में मृत्यु के शीर्ष दस प्रमुख कारणों में से एक है। साथ ही गैर-संचारी रोगों के लिए एक प्रमुख जोखिम कारक है- जैसे हृदय रोग, कैंसर और मधुमेह।

यह दिन ऐसे समय में मनाया जा रहा जब कोविड-19 महामारी वैश्विक स्तर पर लोगों के जीवन और आजीविका को प्रभावित कर रही है। महामारी के दौरान खुद को स्वस्थ रखने और सामाजिक अलगाव और अवसाद से लड़ने के लिए योग से बेहतर कुछ भी नहीं है।

योग की इस महत्वपूर्ण भूमिका को स्वीकार करते हुए, इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2021 की थीम “कल्याण के लिए योग” (Yoga for well-being) पर केंद्रित है – अर्थात कैसे योग का अभ्यास प्रत्येक व्यक्ति के समग्र स्वास्थ्य को बढ़ावा दे सकता है।

योग आपके संपूर्ण स्‍वास्‍थ्‍य के लिए लाभकारी है। चित्र: शटरस्‍टॉक

जानिए क्यों सारी दुनिया मान रही है योग का महत्व

यह आपके तन और मन को शांति प्रदान करता है और मानसिक स्वास्थ्य में वृद्धि करता है।

योग से तनाव दूर होता है और अच्छी नींद आती है, भूख अच्छी लगती है। इतना ही नहीं यह पाचन तंत्र को भी सही रखता है।

योगाभ्यास से आप रोगों से भी मुक्ति पा सकती हैं, क्योंकि यह रोगों से लड़ने की शक्ति बढ़ता है और शरीर को स्वस्थ और निरोग बनता है।

तो इस योग दिवस आप भी अपने और अपने परिवार के स्वास्थ्य के लिए इसे अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाएं। योग को जानें और मानें भी।

हैप्पी योगा डे।

यह भी पढ़ें : सोशल मीडिया की टॉप योग एक्‍सपर्ट जिन्‍हें आप इंस्‍टा पर फॉलो कर सकती हैं

ऐश्‍वर्या कुलश्रेष्‍ठ ऐश्‍वर्या कुलश्रेष्‍ठ

प्रकृति में गंभीर और ख्‍यालों में आज़ाद। किताबें पढ़ने और कविता लिखने की शौकीन हूं और जीवन के प्रति सकारात्‍मक दृष्टिकोण रखती हूं।